याद दिलाती होली
याद दिलाती होली
वो पिछली सारी होली।
वो बचपन की होली
वो गुब्बारों की होली।
वो गुजियों की होली
वो ठहाकों की होली।
वो यारों की ऊँची बोली
वो भाँग से भीगी होली।
वो नचइयों की टोली।
याद दिलाती होली
वो पिछली सारी होली।
वो पानी में रंग
वो 'होली है' कहने का मीठा सा ढंग।
वो चमकीला गुलाल
वो गोरे गाल।
याद दिलाती होली
वो पिछली सारी होली।
प्यार का वो मेल
मलालों को धकेल,
एक नई शुरुआत कराता
रंगों का ये खेल।
याद दिलाती होली
वो पिछली सारी होली।
- दीप थपलियाल

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